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तिब्बे नबवी से इलाज

क़ुरआन और तिब्बे नबवी से जेहनी और नफ़्सियाति तमाम बिमारियों का इलाज।

आबे जमजम के फवाइद

हजरत जाबिर बिन अब्दुल्लाह (र.अ.) कहते के मैंने रसूलअल्लाह (ﷺ) को फरमाते हुए सुना:"जमजम का पानी जिस निय्यत से पिया जाए, उस से वही फायदा हासिल होता है।"
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बीमारियों से बचने की तदबीर

रसूलुल्लाह (ﷺ) ने ऐसी जगह बैठने से मना फरमाया है के जहाँ बदन का कुछ हिस्सा साए में हो और कुछ हिस्सा धूप में हो।वजाहत: तिब्बी एतेबार से एक साथ धूप और साए में बैठना सेहत के लिये मुजिर है।
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सूरह बक़रह से इलाज

रसूलुल्लाह (ﷺ) ने फर्माया :"अपने घरों में सूरह बक्ररह पढ़ो, इस लिये के शयातीन व आसेब उस घर में दाखिल नहीं होते जिस घर में सूरह बक़रह पढ़ी जाती है।"
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खुजली का इलाज

हजरत अनस बिन मालिक (र.अ) फर्माते हैं के रसूलल्लाह (ﷺ) ने हज़रत अब्दुर्रहमान बिन औफ (र.अ) और जुबैर बिन अव्वाम (र.अ) को खुजली की वजह से रेशमी कपड़े पहनने की इजाजत मरहमत फर्माई थी।"फायदा: आम हालात में मर्दो के लिये रेश्मी लिबास पहनना हराम…
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सना के फायदे

रसूलुल्लाह (ﷺ) ने फर्माया :"मौत से अगर किसी चीज में शिफा होती तो सना में होती।"फायदा: सना एक दरख्त का नाम है, जिस की पत्ती तक़रीबन दो इंच लम्बी और एक इंच चौड़ी होती है, उस में छोटे छोटे पीले रंग के फूल होते हैं, उसकी पत्ती क़ब्ज़ के…
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दुआए जिब्रईल से इलाज

हजरत आयशा (र.अ) बयान करती है के जब रसूलुल्लाह (ﷺ) बीमार हुए, तो जिब्रईल ने इस दुआ को पढ़ कर दम किया:तर्जुमा: "अल्लाह के नाम पर, वह आपको बचाये और आपको हर बीमारी और हसद की बुराई से, जब वह हसद करता है और हर आंख की बुराई से (जो आपको…
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बिमारियों का इलाज

हज़रत अनस (र.अ) के पास दो शख्स आए, जिन में से एक ने कहा: ऐ अबू हम्जा (यह हजरत अनस (र.अ) की कुन्नियत है) मुझे तकलीफ है, यानी मैं बीमार हूँ, तो हजरत अनस (र.अ) ने फ़रमाया: क्या मैं ! तुम को उस दुआ से दम न कर दूं जिस से रसूलुल्लाह (ﷺ) दम किया…
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सब से बेहतरीन दवा

रसूलुल्लाह (ﷺ) ने फ़रमाया: “सबसे बेहतरीन दवा कुरआन है।”फायदा : उलमाए किराम फर्माते हैं के क़ुरआनी आयात के मफ़हूम के मुताबिक जिस बीमारी के लिए जो आयत मुनासिब हो, उस आयत को पढ़ने से इन्शा अल्लाह शिफा होगी और यह सहाब-ए-किराम का मामूल था।
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मुनक्का से पट्टे वगैरह का इलाज

हजरत अबू हिन्ददारी (र.अ) कहते हैं के रसूलुल्लाह (ﷺ) की खिदमत में मुनक्का का तोहफा एक बन्द थाल में पेश किया गया, आप (ﷺ) ने उसे खोल कर इर्शाद फर्माया: “बिस्मिल्लाह” कह कर खाओ मुनक्का बेहतरीन खाना है जो पेटों को मजबूत करता है, पुराने दर्द को…
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आबे ज़म ज़म से इलाज

रसूलुल्लाह (ﷺ) ने फ़र्माया :"जमीन पर सबसे बेहतरीन पानी आबे जम जम है, यह खाने वाले के लिये खाना और बीमार के लिये शिफा है।"
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इलाज करने वालों के लिये अहम हिदायत

रसूलुल्लाह (ﷺ) ने फ़रमाया:“अगर किसी ने बगैर इल्म और तजुर्बे के इलाज किया तो कयामत के दिन उस के बारे में पूछा जाएगा।”फायदा: मतलब यह है के अगर हकीम या डॉक्टर की ना तजरबा कारी और अनाड़ीपन की वजह से मरीज को तकलीफ पहुँचती है या वह मर जाता…
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तलबीना से इलाज

हजरत आयशा बीमार के लिये तलबीना तय्यार करने का हुकम देती थीं और फर्माती थीं के मैंने हुजूर (ﷺ) को फ़र्माते हुए सुना के "तलबीना बीमार के दिल को सुकून पहुँचाता है और रंज व ग़म को दूर करता है।”फायदा: जी (बरली) को कट कर दूध में पकाने के बाद…
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