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एक अहम् अमल के बारे में

एक अहेम अमल की फजीलत | Ek Aham amal ki Fazilat

इस्लामी तारीख अल्लाह की कुदरत हुजूर (ﷺ) का मुअजिजा एक फर्ज के बारे में एक सुन्नत के बारे में एक अहेम अमल की फजीलत एक गुनाह के बारे में दुनिया के बारे में आख़िरत के बारे में तिब्बे नबवी से इलाज 1. मुहर्रम 2. सफ़र 3. रबीउल अव्वल 4. रबीउल आखिर 5. जमादी-उल-अव्वल 6. जुमादा [...]

8. शव्वाल | सिर्फ पाँच मिनट का मदरसा (कुरआन व हदीस की रौशनी में)

इस्लामी तारीख: हज़रत खब्बाब बिन अरत (र.अ) हुजूर (ﷺ) का मोजिज़ा: फलों में बरकत एक फर्ज के बारे में: तकबीरे ऊला से नमाज़ पढ़ना एक सुन्नत के बारे में: छींक की दुआ एक अहेम अमल की फजीलत: खुशूअ वाली नमाज माफी का जरिया एक गुनाह के बारे में: जुल्म से न रोकने का वबाल दुनिया […]

जो कोई दिल से ‘अल्हम्दुलिल्लाही रब्बिल आलमीन’ कहेगा उसके लिए 30 नेकियां लिखी जाएगी

🌟 रसूलअल्लाह (सलअल्लाहू अलैही वसल्लम) ने फरमाया : ❝जो कोई दिल से अल्हम्दुलिल्लाही रब्बिल आलमीन कहेगा (यानी ज़ुबान के साथ दिल से भी इसका यकीन हो की तमाम तारीफें अल्लाह के लिए हैं और वही सारे जहाँ का पालने वाला है) तो उसके लिए 30 नेकियां लिखी जाएगी और 30 गुनाह मिटा दिए जाएँगे”❞ 📕 […]

Shaykh Abdul Qadir Jilani (R.A) ki imandari ka wakiya by Dr.Zakir Naik

शैख़ अब्दुल क़ादिर जिलानी (र.अ.) की ईमानदारी और आपकी वालिदा की तरबियत का इबरतनाक वाकिया ।  डॉ.ज़ाकिर नाइक | बराए मेहरबानी इसे ज्यादा से ज्यादा शेयर करने में हमारी मदद करे. – जज़कल्लाहू खैरण कसीरा. |  Shaykh Abdul Qadir Jilani (R.A) ki imandari aur aapki walida ki tarbiyat ka ibratnak ka wakiya by Dr.Zakir Naik.बराए […]

अल्लाह और आखिरत(महा प्रलय) के दिन पर ईमान रखने वाले इन बातो पर जरुर ध्यान दे

✦ हज़रत अबू हुरैरह रज़िअल्लाहु अन्हु रिवायत करते हैं कि नबी सलल्लाहो अलैहि वसल्लम ने फरमाया “जो कोई भी अल्लाह और आखिरी दिन पर ईमान रखता है, वो दूसरों के साथ या तो भले तरीके से अच्छे अल्फाज़ मे बात करे, नहीं तो खामोश रहे, ! जो कोई भी अल्लाह और आखिरी दिन पर ईमान […]

नज़र का फ़ित्ना – अपनी नज़रे नीची रखे और अपनी शर्मगाहो की हिफ़ाज़त करें

नज़र एक ऐसा फ़ित्ना हैं जिस पर कोई रोक नही जब तक कोई इन्सान खुद अपनी नज़र को बुराई से न फ़ेर ले। अमूमन नज़र के फ़ित्ने से आज का इन्सान महफ़ूज़ नही क्योकि टीवी, अखबार, मिडिया के ज़रीये जिस तरह इन्सान के जज़्बात को जिस तरह भड़काने का मौका दिया जा रहा हैं उससे […]