14 Zil Hijjah | Sirf Paanch Minute ka Madarsa

14 Zil Hijjah | सिर्फ़ 5 मिनट का मदरसा

14 Zil Hijjah | Sirf Paanch Minute ka Madarsa

  1. इस्लामी तारीख
  2. हुजूर (ﷺ) का मुअजीजा
  3. एक फर्ज के बारे में
  4. एक सुन्नत के बारे में
  5. एक अहेम अमल की फजीलत
  6. एक गुनाह के बारे में
  7. दुनिया के बारे में
  8. आख़िरत के बारे में
  9. तिब्बे नबवी से इलाज
  10. नबी (ﷺ) की नसीहत
4 Zil Hijjah जिल हिज्जा

4. जिल हिज्जा | सिर्फ़ 5 मिनट का मदरसा

सीरत – इमाम मुस्लिम (रहमतुल्लाहि अलैहि), हुजर का मुअजिजा (ﷺ) कंधे का ठीक होना, एक फर्ज – नमाजे अस्र की अहमियत, रास्ते से तकलीफ़ देह चीज़ को हटाने की फ़ज़ीलत, काफ़िरों के माल से तअज्जुब न करना …

28 Ramzan

28 Ramzan | सिर्फ़ 5 मिनट का मदरसा

इस्लाम में पहला हज, दरख्त का नबी (ﷺ) की गवाही देना, बगैर किसी उज्र के नमाज़ क़ज़ा न करना, फकीरी और कुफ्र से पनाह मांगने की दुआ, नमाज़ में सुस्ती करना कैसा, माल व दौलत आज़माइश की चीजें हैं, कयामत में तीन किस्म के लोग, हर किस्म के दर्द का इलाज, तीन काम में देर ना करो ( नमाज़, जनाज़ा और निकाह ) …

26. शव्वाल सिर्फ पाँच मिनट का मदरसा sirf panch minute ka madarsa

26. शव्वाल | सिर्फ पाँच मिनट का मदरसा

हजरत उम्मे कुलसूम बिन्ते रसूलुल्लाह (ﷺ), मशकीजे के पानी का खत्म न होना, सूद से बचना, हलाल रिज्क और नाफे इल्मे की दुआ, वुजू के बावजूद वुजू करना, कुफ्र की सज़ा जहन्नम है, आखिरत दुनिया से बेहतर है, हौजे कौसर की कैफियत, वरम (सूजन) का इलाज, आपस में दुश्मनी न रखो

Tawheed aur Shirk ki Haqeeqat

Content TAWHEED Tawheed-e-ruboo’biat Tawheed Ulu’hiat Tawheed Asma’sifaat SHIRK Shirk ke Nuqsanat Shirk Karne wale ko Uske Nek Aamal fayda nahi

Usne Iman Ki Mithaas Ko Paa Liya ….

♥ Mafhoom-e-Hadees: Anas (RaziAllahu Anhu) Se Riwayat Hai Ke, Nabi-e-Kareem (Sallallahu Alaihay Wasallam) Ne Farmaya: “Teen(3) Khaslate Aesi Hai Ki

Bewah Aurato Ka Nikah ….

Kuch Aisi Rasam’en Bhi Musalman Me Raaij Hai Ke Bewah Aurat Ka Nikah Ko Bura Aur Aar Samjhte Hai, Balke

Musalman Se Ladna Kufr Hai …

♥ Mafhoom-e-Hadees: Rasool’Allah (Sallallahu Alaihay Wasallam) Farmatey Hai – “Musalman Ko Gaali Deney Se Aadmi Fasiq Ho Jata Hai Aur

Deen Tou Sirf Islam Hee Hai

♥ Al-Quraan : Bismillah-Hirrahman-Nirrahim !!! “Beshaq Allah Ke Nazdeek Deen Tou Sirf Islam Hee Hai, *Aur Ahl-e-Kitab Ne Apne Paas

Fasiqon Ko Hidayat Nahi

♥ Al-Quraan : Bismillah-Hirrahman-Nirrahim !!! “Aye Nabi (Sallallahu Alaihay Wasallam) Aap Keh Do Insey ! *Ke Kya Tumhare Baap-Dada, Tumhare

close
Ummate Nabi Android Mobile App