शोहर के इजाजत की अहमियत: हदीस | Shohar ki ijazat Hadees

shohar ki ijazat hadees

शोहर के इजाजत की अहमियत: हदीस

अबू हरैराह (रज़ी) से रिवायत है के,
अल्लाह के रसूल (ﷺ) ने फ़रमाया:

“शोहर की गैर हाजिरी मे इसकी इजाजत के बगैर कोई औरत रोज़ा ना रखे सिवाय रमज़ान के, और बगैर इस की इजाजत के इस की मौजूदगी में किसी को घर में आने की इजाजत न दे।”

📕 सुनन अबू दावूद, हदीस 2458

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