औ़रत टेढ़ी पस्ली से बनी है।

पोस्ट 17 :
औ़रत टेढ़ी पस्ली से बनी है।

अबू हुरैराह रज़िअल्लाहु अ़न्हु से रिवायत है कि अल्लाह के रसूल ﷺ ने फ़रमाया:

औ़रत पस्ली की त़रह़ है, अगर तू उसे सीधा करने की कोशिश करे तो उस को तोड़ देगा। और अगर तू उस से फ़ायदा हासिल करना चाहे तो उस के टेढ़ेपन के बावजूद भी फ़ायदा हासिल कर सकता है।

📕 बुखारी: अन्ऩिकाह 5188,
📕 मुस्लिम: अर रिज़ाअ़ 2669

और मुस्लिम के अ़ल्फ़ाज यूं है:
और अगर तू उसे पूरी त़रह़ सीधा करने की कोशिश करेगा तो उसे तोड़ देगा। और उस का तोड़ना तलाक़ है।

और एक रिवायत में यूं हैं:
औ़रत से अच्छा सुलूक करो, इस लिए कि औ़रत पस्ली से पैदा की गई है, और पस्ली का टेढ़ापन सब से ज़ियादा उस के ऊपरी हिस्से में होता है, अब अगर तू उसे बिल्कुल सीधा करने की कोशिश करे तो उसे तोड़ देगा। और अगर तू उसे उस के हाल पर रहने दे तो वो टेढ़ा ही रहेगा । लिहाज़ा औ़रतों से भलाई का सुलूक करते रहो।

📕 बुखारी: अहदीसुल अंम्बियां 3331
📕 मुस्लिम: अर रिज़ाअ 3671

————-J,Salafy————
इल्म हासिल करना हर एक मुसलमान मर्द-और-औरत पर फर्ज़ हैं
(सुनन्ऩ इब्ने माजा ज़िल्द 1, हदीस 224)

Series : ख़्वातीन ए इस्लाम

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