क़ियामत से पहले ज़माना क़रीब हो जाएगा ….

» हदीस : हज़रत अनस (रज़ी अल्लाहु अनहु) से रिवायत है, के रसूलअल्लाह(सलल्लाहो अलैहि वसल्लम) ने फ़रमाया,
“क़ियामत उस वक़्त तक नहीं आएगी जब तक कि ज़माना क़रीब ना हो जाएगा (यानी ज़माने की गर्दिश तेज़ ना हो जाएगी और दिन रात जल्द जलद ना गुज़रने लगेंगे और ज़माने की तेज़ रफ़्तारी इस कैफ़ीयत-ओ-हालत के साथ होगी कि) साल महीना के बराबर, महीना हफ़्ते के बराबर, हफ़्ते दिन के बराबर, दिन एक साअत यानी एक घंटे के बराबर हो जाएगा और एक घंटा इतना मुख़्तसर हो जाएगा जैसे आग का शोला (घास के तिनके पर) सुलग जाता है (यानी झट से जल कर बुझ जाता है)।
(तिरमिज़ी : @[156344474474186:])

» सबक : मतलब ये है के आख़िर ज़माने में दिनों और साअतों में बरकत ख़त्म हो जाएगी, वक़्त इस क़दर जल्द और तेज़ी के साथ गुज़रता मालूम होगा कि इस का फ़ायदेमंद और कारआमद होना मादूम हो जाएगा, या ये मुराद हैके इस ज़माने में लोग तफ़क्कुरात और परेशानीयों में घिरे रहने और अपने दिल-ओ-दिमाग़ पर बड़े बड़े फ़ितनों, नाज़िल होने वाले मसाइब-ओ-आफ़ात और तरह तरह की मशग़ूलियतों का शदीद तर दबाव‌ रखने की वजह से वक़्त के गुज़रने का इदराक-ओ-एहसास तक नहीं करपाऐंगे और उन्हें ये जानना मुश्किल हो जाएगा कि कब दिन गुज़र गया और कब रात ख़त्म हो गई।
ख़िताबी ने लिखा हैके हुज़ूर (सलल्लाहो अलैहि वसल्लम) ने ज़माना और वक़्त की जिस तेज़ रफ़्तारी का ज़िक्र फ़रमाया है, इस का ज़हूर हज़रत ईसा (अलैहिस्सलाम) और हज़रत इमाम मह्दी के ज़माने में होगा.

Views: 12245

Leave a Reply

5 Comments on "क़ियामत से पहले ज़माना क़रीब हो जाएगा …."

Notify of
avatar

Sort by:   newest | oldest | most voted
md merazqadri
Guest
md merazqadri
1 year 9 months ago

Subhan Allah aap ne bahot achhi side banaye hai Allah apko khush rakhe

Mohammad Shamim
Guest
Mohammad Shamim
1 year 6 months ago

Aap ne bht hi bht hi achha qayamat ki nishaniyan btaye

Asif
Guest
Asif
1 year 3 months ago

assalamwallekum beshak qayamat nazdik hain…

Vasim
Guest
Vasim
1 year 2 months ago

Jazak allah kher

Israr ul haque
Guest
Israr ul haque
4 months 4 days ago

Bahut khub masa Allah..

wpDiscuz